ताज़ा समाचार   उच्च शिक्षा मंत्री द्वारा एक्यूप्रेशर पार्क के विकास कार्यों का भूमि-पूजन                युवा बढ़े सपने देखें और समृद्ध देश के निर्माण में सहयोग करें                ग्वालियर में भी चलेगी मेट्रो..                रबी सीजन में ट्रांसफार्मर प्रबंधन पर विशेष जोर                अनुसूचित जाति विद्यार्थियों के छात्रावासों में 10 हजार सीट की वृद्धि                श्रम कानूनों को सरल बनाने मंत्रि-परिषद् द्वारा बड़े संशोधनों को मंजूरी                उद्योग संवर्धन नीति-2014 का अनुमोदन                प्रदेश के 212 विकासखण्ड में द्वार-प्रदाय योजना                6 दिसंबर 2014 को सभी स्तर के न्यायालय में नेशनल एवं मेगा लोक अदालत                मध्यप्रदेश दिवस समारोह में "स्वच्छ मध्यप्रदेश" होगी मुख्य थीम                    
राज्यपाल आरोपी हैं तो केन्द्र हटाता क्यों नहीं: कांग्रेस

MPNEWSLIVE : 7 जुलाई, 2015

भोपाल ।। राज्यपाल रामनरेश यादव के खिलाफ सेवानिवृति के बाद व्यापमं घोटाले में कार्रवाई की बात सामने आने के बाद प्रदेश कांग्रेस ने केन्द्र और राज्य सरकार की नीयत पर संदेह जताया है। मुख्य प्रवक्ता केके मिश्रा ने शनिवार को कहा कि यदि राज्यपाल के खिलाफ सबूत हैं तो राज्य सरकार केन्द्र से उन्हें हटाने की सिफारिश क्यों नहीं कर रही है। केन्द्र भी राष्ट्रपति को सिफारिश कर सकती है, लेकिन ऐसा नहीं किया जा रहा है।

आखिर 2016 तक का इंतजार किस वजह से किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हाईकोर्ट ने राज्यपाल से जुड़ी एफआईआर को खारिज किए जाने के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में अपील क्यों नहीं की गई। कांग्रेस की मांग और आरोप पर उच्च शिक्षा मंत्री उमाशंकर गुप्ता ने कहा हाईकोर्ट ने एफआईआर खारिज की है। सरकार इस मामले में हस्तक्षेप नहीं करेगी। एसटीएफ को भी सरकार डायरेक्शन नहीं दे सकती है।
मिश्रा ने पत्रकारों से कहा कि व्यापमं देश ही नहीं, बल्कि एशिया का सबसे बड़ा भर्ती घोटाला है। इसमें राज्यपाल, उनके बेटे, ओएसडी, मुख्यमंत्री, ओएसडी, केन्द्रीय मंत्री, पूर्व मंत्री, भाजपा नेता, संघ पदाधिकारी सहित अफसर के नाम सामने आए हैं। पूर्व मंत्री लक्ष्मीकांत शर्मा सहित 2000 व्यक्ति जेल में हैं। मिश्रा ने दावा किया कि हाईकोर्ट ने किसी को क्लीनचिट नहीं दी है।
मौतें चिंता का विषय
उच्च शिक्षा मंत्री उमाशंकर गुप्ता ने इस पर कहा कि व्यापमं मामले में जितनी भी मौतें हुई हैं वे चिंता का विषय है। इसकी जांच होनी चाहिए कि कहीं कोई साजिश तो नहीं है। जहां तक बात प्रकरण से जुड़े व्यक्तियों की सुरक्षा की है तो सभी को सुरक्षा मुहैया कराई जाएगी। राज्यपाल के खिलाफ सरकार के सुप्रीम कोर्ट में नहीं जाने पर उन्होंने कहा कि हाईकोर्ट ने एफआईआर को रद्द किया है। एसटीएफ को क्या करना है यह उसे ही तय करना है, सरकार उसे डायरेक्शन नहीं दे सकती है।

 
बड़ी खबरें (Breaking News)
आगे पढें...
 
एम. पी. राग ब्लॉग
Rajesh Dubey
ब्लॉग के लिए यहां क्लिक करें
 
फोटो गेलरी
More
 
वीडियो गेलरी
More
 
राशिफल
 Aries / मेष राशि
 
Opinion Poll
Q.
Yes No Don't Say
Previous Poll
Q.
Yes :  |  No :  |  Don't Say :
 
Advertisment


 
 
you can ad here ......
 
संपर्क करें      मुख्य सवाल जवाब      आपके सुझाव      संस्थान    
Copyright © 2013-14 www.mpnewslive.com